अगले 9 दिन रहेंगे बेहद गर्म, मगर बारिश न ही गिरे तो बेहतर!

heat waves in India

रविन्द्र कुमार सैनी / इन्फोपत्रिका.
रोहिणी नक्षत्र में सूर्य का प्रवेश यानि नौतपा की शुरूआत. इस बार सूर्य 25 मई को शाम को 7 बजकर 53 मिनट पर इस नक्षत्र में प्रवेश कर जाएगा, जोकि 3 जून तक चलेगा. इन नौ दिनों तक भीषण गर्मी पड़ती है. लेकिन सूर्य के रोहिणी नक्षत्र में प्रवेश करने से पहले ही सूर्य का पारा चढ़ा हुआ है और लोगों को भयंकर गर्मी का सामना करना पड़ रहा है.

गुरुवार (24 मई) को देश के 23 शहरों में पारा 45 डिग्री के पार रहा. राजस्थान के बूंदी में 48 डिग्री तापमान के साथ सबसे गर्म रहा तो लद्दाख में पारा 4.7 डिग्री रहा.

जानिए क्या होता है नौतपा

जिस समय सूर्य रोहिणी नक्षत्र में आता है, उस समय चंद्रमा नौ नक्षत्रों में भ्रमण करते हैं. यही कारण है कि इसे नौतपा कहा जाता है. इस माह में सर्य के वृष राशि के 10 अंश से 23 अंश 40 कला तक नौतपा कहलाता है. साल के इन नौ दिनों में सबसे भीषण गर्मी पड़ती है. ऐसा इसलिए होता है, क्योंकि इस दौरान सूर्य पृथ्वी के सबसे निकट होता है.

नौतपा में बारिश अच्छी बात नहीं!

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ज्योतिषिय गणनाओँ के अनुसार, रोहिणी नक्षत्र में अगर बारिश आ जाए तो इसे रोहिणी का गलना माना जाता है. ऐसा कहा जाता है कि अगर रोहिणी नक्षत्र में बारिश हो जाती है तो मानसून में कम बारिश होगी. अगर नौतपा के दौरान तेज गर्मी रहती है तो बारिश के भी अच्छे योग बनते हैं. कहा जाता है कि सूर्य की गर्मी और रहिणी के जल तत्व के कारण मानसून गर्भ में आ जाता है और नौतपा को मानसून का गर्भकाल माना जाता है. हालांकि इसे वैज्ञानिक भाषा में दूसरे तरीके से समझा जा सकता है.

8 राज्य के 36 शहरों में पारा 40 के पार

गुरुवार को पड़ी गर्मी से आम जनजीवन बेहाल हो गया. देश के 8 राज्यों दिल्ली, मध्य प्रदेश, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, पंजाब, बिहार में पारा 40 के पार रहा. राजस्थान का बूंदी लगभग 48 डिग्री तापमान के साथ सबसे गर्म रहा.

क्या कहते हैं विशेषज्ञ

विशेषज्ञों का कहना है कि सोलर रेडिएशन के कारण तपिश बढ़ती है. इन सोलर रेडिएशन्स के चलते ही मौसम विभाग ने हरियाणा, राजस्थान का साथ-साथ पश्चिमी उत्तर प्रदेश में रेड अलर्ट जारी किया है. रेड अलर्ट का मतलब होता है कि संबंधित एजेंसियां एक्शन मोड में रहें. इसमें स्वास्थय विभाग से लेकर प्रशासनिक अधिकारियों तक चेतावनी भेजी जाती है.

इन नौ दिनों में आपको क्या करना है?


इन दिनों के दौरान अपने स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखें. जहां तक हो सके धूप में निकलने से बचें. ज्यादा जरूरी हो तो ही घर से निकलें. अपने काम सुबह और शाम के समय निपटाने की कोशिश करें. इसके साथ ही अगर घर से बाहर निकलना जरूरी हो तो ग्लूकोज साथ रखें. जब भी शरीर में अधिक पानी की कमी महसूस हो तो ग्लूकोज के साथ इसे पीएं. खाने में सलाद के रूप में प्याज ज्यादा लें.

किसानों को विशेषकर ये ध्यान रखना है कि खेती से जुड़े कार्य सुबह और शाम के वक्त ही करें. यदि बेहद जरूरी हो तो दिन के समय में करें मगर लगातार पानी पीते रहें. नींबू पानी का विशेष तौर पर सेवन करते रहें. क्योंकि किसान हैं तो देश है.

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